Welcome Guest !

व्रत से सभी कार्यों में मिलती है सफलता

धर्म (DiD News ) : सफला एकादशी के दिन पवित्र मन से प्रातः उठकर नित्य कर्म से निवृत्त होकर स्नान करें और साफ कपड़े पहनें। उसके बाद घर की साफ सफाई कर घर का मंदिर साफ करें। उसके बाद भगवान विष्णु को गंगा जल स्नान करा कर तिलक लगाएं। उसके बाद फल-फूल चढ़ाएं और भगवान की आरती उतारें।

सफला एकादशी का हिन्दू धर्म में खास महत्व होता है। इस व्रत को करने से भक्त के सभी रूके हुए कार्य पूरे हो जाते हैं तो आइए हम आपको सफला एकादशी व्रत के महत्व तथा पूजा-विधि के बारे में बताते हैं।

हिन्दू धर्म में एकादशी का खास महत्व है। लेकिन पौष महीने की कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि को आने वाली सफला एकादशी का खास महत्व होता है। विशेष फलदायी होने के कारण धार्मिक ग्रन्थों में इसे सफला नामक एकादशी के नाम से जाना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार यह एकादशी मनोकामना सफल करने वाली एकादशी है। पुराणों के अनुसार जो व्यक्ति विधिपूर्वक इस व्रत को करता है तथा रात्रि जागरण करता है उसे इस तपस्या का विशेष फल भी प्राप्त होता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *